झारखंड/बिहारराज्य

रांची में डिजिटल जनगणना की शुरुआत, 1 मई से मोबाइल से भर सकेंगे स्व-गणना फॉर्म

रांची

 जनगणना 2027 के तहत स्व-गणना (स्वयं विवरण भरने) विषय पर बुधवार को रांची नगर निगम में एक महत्वपूर्ण प्रेस वार्ता आयोजित की गई। इस बैठक की अध्यक्षता रौशनी खलखो ने की, जबकि उप महापौर नीरज कुमार, नगर आयुक्त सुशांत गौरव एवं अपर नगर आयुक्त संजय कुमार उपस्थित रहे।

इस अवसर पर बताया गया कि इस बार जनगणना प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल और जनभागीदारी आधारित होगी। नागरिक अब अपने मोबाइल फोन के माध्यम से स्वयं अपनी जानकारी दर्ज कर सकेंगे, जिससे प्रक्रिया अधिक सरल, पारदर्शी और प्रभावी बनेगी।

स्व-गणना (स्वयं विवरण भरना) के तहत लोगों को स्व-गणना जनगणना की एक ऐसी व्यवस्था है, जिसमें निवासी अपने परिवार से संबंधित जानकारी स्वयं आनलाइन भरकर जमा करते हैं। वही नागरिक 1 मई से 15 मई तक अपने मोबाइल के https://se.census.gov.in/⁠ के माध्यम से स्व-गणना कर सकेंगे।

16 मई से 14 जून तक मकान सूचीकरण
इसके बाद यह सुविधा बंद कर दी जाएगी। इस चरण में सबसे पहले मकान सूचीकरण (घर-घर का विवरण) किया जाएगा, जिसके बाद जनसंख्या गणना शुरू होगी। इसके अतिरिक्त 16 मई से 14 जून तक मकान सूचीकरण का कार्य किया जाएगा। नागरिक आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं।

महापौर रौशनी खलखो ने नागरिकों से निर्धारित अवधि में स्व-गणना पूरा करने की अपील करते हुए कहा कि यह हर नागरिक की जिम्मेदारी है कि वह इस राष्ट्रीय कार्य में सक्रिय भागीदारी निभाए, ताकि भविष्य की योजनाओं के लिए सटीक आंकड़े उपलब्ध हो सकें।

लोगों को डेटा रहेगा सुरक्षित को लेकर नगर आयुक्त सुशांत गौरव ने बताया कि यह डिजिटल जनगणना रांची नगर निगम के लिए एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। मकान गणना के दौरान कुल 34 प्रश्न पूछे जाएंगे और नागरिकों को 16 भाषाओं में फार्म भरने की सुविधा मिलेगी।

उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी स्थिति में ओटीपी (एक बार उपयोग होने वाला पासवर्ड) या संवेदनशील व्यक्तिगत जानकारी नहीं मांगी जाएगी तथा सभी जानकारी पूरी तरह सुरक्षित और गोपनीय रहेगी।

टोल फ्री नंबर 1855 जारी किया गया
जनगणना प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए 1 जनवरी 2026 से 31 मार्च 2027 तक सभी प्रशासनिक इकाइयों की सीमाएं स्थिर रहेंगी। इस दौरान कोई नया वार्ड या नगर निकाय नहीं बनाया जाएगा। नागरिकों से अपील की गई है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें। कोई भी अधिकारी आपसे ओटीपी या दस्तावेज की मांग नहीं करेगा।

केवल फार्म में पूछी गई जानकारी ही भरनी होगी। अधिक जानकारी के लिए टोल फ्री नंबर 1855 जारी किया गया है। इस अवसर पर जनप्रतिनिधि, रांची विश्वविद्यालय के प्रतिनिधि, जनगणना संचालन निदेशालय के संयुक्त निदेशक सत्येंद्र कुमार गुप्ता, नगर निगम के अधिकारी एवं मीडिया प्रतिनिधि मौजूद थे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button