MP Rajya Sabha Bypoll 2026: मध्य प्रदेश में राज्यसभा की एक सीट पर उपचुनाव का ऐलान, EC ने जारी किया शेड्यूल

भोपाल
मध्य प्रदेश में राज्यसभा की एक सीट पर उपचुनाव का एलान (MP Bypoll 2026) हो गया है। भारत निर्वाचन आयोग ने यह जानकारी 22 अक्टूबर, गुरुवार को दी। आयोग की प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया कि डॉ. एल. मुरुगन के इस्तीफे के बाद 14 अक्टूबर 2026 को मध्य प्रदेश में राज्यसभा की एक सीट रिक्त हुई थी।
इस सीट पर उपचुनाव के लिए प्रक्रिया जल्द शुरू होगी। बता दें डॉ. एल. मुरुगन, केंद्र में भारतीय जनता पार्टी नीत राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन यानी एनडीए सरकार में केंद्रीय मंत्री भी थे।
क्या है उपचुनाव का पूरा शेड्यूल? (MP By-Election 2026)
चुनाव आयोग के मुताबिक इस सीट पर उपचुनाव के लिए 26 अक्टूबर 2026 को अधिसूचना जारी होगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 2 नवंबर, नामांकन पत्रों की जांच 3 नवंबर और नाम वापस लेने की अंतिम तारीख 5 नवंबर तय की गई है।
इस सीट पर 12 नवंबर 2026 को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान होगा, जबकि मतगणना, यदि जरूरी हुई तो उसी दिन शाम 5 बजे से शुरू होगी। चुनाव प्रक्रिया पूरी करने की अंतिम तारीख 16 नवंबर 2026 निर्धारित की गई है। इस सीट पर निर्वाचित होने वाले सदस्य का कार्यकाल 2 अप्रैल 2030 तक रहेगा।
चुनाव आयोग ने मतदान प्रक्रिया को लेकर भी कुछ अहम निर्देश दिए हैं। आयोग ने कहा है कि बैलेट पेपर पर वरीयता अंकित करने के लिए सिर्फ बैंगनी रंग का स्केच पेन ही इस्तेमाल किया जाएगा। यह पेन रिटर्निंग ऑफिसर द्वारा दिया जाएगा और पहले से तय मानक का होगा। इसके अलावा किसी भी अन्य पेन का इस्तेमाल किसी भी हालत में नहीं किया जा सकेगा।
इसके साथ ही चुनाव आयोग ने स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए पर्यवेक्षक नियुक्त करने का भी फैसला किया है। चुनाव प्रक्रिया की कड़ी निगरानी की जाएगी ताकि चुनाव शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सके।
बता दें कि राज्यसभा में मध्य प्रदेश से खाली हुई यह सीट काफी अहम मानी जा रही है। डॉ. एल मुरुगन के इस्तीफे के बाद इस सीट पर नए सदस्य का चुनाव होना है, जिसका कार्यकाल 2030 तक रहेगा। मुरुगन को जुलाई 2021 में पहली बार केंद्रीय राज्यमंत्री बनाया गया था।
कौन डालते हैं वोट?
राज्यसभा सदस्य का चुनाव आम जनता सीधे नहीं करती है. इसमें संबंधित राज्य की विधानसभा के निर्वाचित सदस्य यानी विधायक मतदान करते हैं. इसलिए मध्य प्रदेश के विधायक इस उपचुनाव में अपना वोट डालेंगे. अब देखना है कि सबकी नजर किस पर रहेगी. इस सीट के लिए कौन-कौन उम्मीदवार नामांकन दाखिल करता है. नॉमिनेशन और नाम वापसी का प्रोसेस पूरा होने के बाद तस्वीर साफ होगी कि मैदान में कितने कैंडिडेट्स हैं. इसके बाद 12 नवंबर को मतदान और मतगणना के साथ नतीजे सामने आ जाएंगे।
राज्यसभा उपचुनाव में मध्य प्रदेश विधानसभा के विधायक वोट डालेंगे. बता दें, बीजेपी के 164, कांग्रेस के 65 और भारत आदिवासी पार्टी (BAP) का 1 विधायक है. डॉ. एल. मुरुगन के मुताबिक, उन्होंने प्रधानमंत्री से मंत्रिपरिषद और राज्यसभा की सदस्यता से फ्री करने की अपील की थी. वह तमिलनाडु जाकर अपनी पार्टी को मजबूत करना चाहते हैं. इसलिए पीएम मोदी को लिखे एक लेटर में भी उन्होंने कहा था कि वह गांवों और गलियों तक जाकर पार्टी का संगठन मजबूत करना चाहते हैं. इसके साथ ही, उनका मकसद 2029 के लोकसभा चुनाव की तैयारी के लिए अभी से मजबूत आधार तैयार करना है।
विधानसभा में क्या है संख्याबल?
राज्यसभा उपचुनाव के लिहाज से समीकरणों की बात करें तो मध्य प्रदेश विधानसभा में कुल 230 विधायक हैं। भारतीय जनता पार्टी के पास 164, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के 65 और भारत आदिवासी पार्टी के एक विधायक हैं। ऐसे में इस सीट पर बीजेपी का पलड़ा भारी माना जा रहा है। राजनीतिक गलियारों में इस सीट के लिए संभावित उम्मीदवारों के नामों को लेकर चर्चा तेज हो गई है।



