
कुरुक्षेत्र.
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा कांग्रेस जिलाध्यक्षों के प्रशिक्षण शिविर में शामिल हुए। उन्हें चुनाव लड़ने की बारीकियां बताईं। हुड्डा करीब चार बजे शिविर में पहुंचे और शाम छह बजे तक शिविर में रुके। हरियाणा और उत्तराखंड के जिलाध्यक्षों के प्रशिक्षण शिविर के छठे दिन उत्तराखंड के जिलाध्यक्षों को धार्मिक स्थलों पर घूमने के लिए छुट्टी दी गई।
उधर, शनिवार को शिविर में पहुंचे उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत का रुकने का कार्यक्रम था, लेकिन वे शनिवार देर सायं चले गए। इससे पहले वे मां भद्रकाली मंदिर में पूजा करने गए। भूपेंद्र हुड्डा ने शिविर में जिलाध्यक्षों को चुनाव लड़ने सहित मनरेगा, चुनाव के समय ग्राउंड रिपोर्ट कलेक्ट करना, अफवाहों से बचकर पार्टी प्रतिनिधि के चुनाव को ऊपर उठाना जैसे टिप्स दिए। हुड्डा ने कहा कि किसी भी चुनाव में उतरने से पहले उसकी ग्राउंड रिपोर्ट की जानकारी होना बेहद जरूरी है।
जब हलके के तथ्य हमारे पास होते हैं तो एक-एक वोट का पता चल जाता है कि वह किसका है। जो वोट हमारा है, उस पर ज्यादा जोर लगाने के बजाय उस वोट पर फोकस करना चाहिए जो हमारा नहीं है। उन्होंने बताया कि किस-किस प्रकार इंटरनेट मीडिया के दौर में चुनाव में नुकसान पहुंच सकता है, इसलिए चुनाव के दौरान बयान को देने से पहले क्या-क्या सावधानियां बरतनी हैं।
उत्तराखंड के जिलाध्यक्षों ने की धार्मिक स्थलों की सैर उत्तराखंड के जिलाध्यक्षों ने धार्मिक स्थलों का भ्रमण किया। उनके लिए एक बस की व्यवस्था की गई। ब्रह्मसरोवर, सन्निहित सरोवर, ज्योतिसर, नरकातारी भीष्म कुंड, भद्रकाली मंदिर जैसे स्थानों का भ्रमण किया। हरिद्वार से जिलाध्यक्ष बालेश्वर सिंह ने बताया कि महाभारतकाल से जुड़े ऐसे स्थानों को देखकर मन प्रफुल्लित हो गया।



