
मजीठा.
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने मजीठा दौरे के दौरान शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल और वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया पर तीखा राजनीतिक हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में हुई बेअदबी की घटनाओं के लिए दोनों नेता और उनका परिवार सीधे तौर पर जिम्मेदार रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि “यह वही परिवार है जिसने जलियांवाला बाग नरसंहार के बाद अंग्रेजों को खाना खिलाया था और आज भी पंजाब की भावनाओं से खिलवाड़ कर रहा है।” दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने मजीठा विधानसभा क्षेत्र में 23 नई ग्रामीण लिंक सड़कों का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी सरकार ग्रामीण ढांचे को मजबूत करने पर जोर दे रही है।
इस दौरान उन्होंने घोषणा की कि जल्द ही मजीठा के समीप स्थित बिकरौर गांव में एक नया कॉलेज स्थापित किया जाएगा, जिससे स्थानीय युवाओं को उच्च शिक्षा की बेहतर सुविधा मिल सकेगी। मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर राजनीतिक मुद्दों को हवा देने का आरोप लगाते हुए कहा कि पंजाब को अनावश्यक राजनीतिक लड़ाइयों में न घसीटा जाए। उन्होंने कहा कि दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण जैसे वास्तविक मुद्दों पर चर्चा की जानी चाहिए तथा किसानों पर बेबुनियाद आरोप लगाने की राजनीति से बचना चाहिए।
मुख्यमंत्री को घेरने पहुंचे किसान
उधर, किसान-मजदूर संघर्ष कमेटी अपनी लंबित मांगों को लेकर मुख्यमंत्री से मुलाकात करना चाहती थी और इस सिलसिले में मजीठा में उनका घेराव करने का प्रयास किया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि वे शांतिपूर्वक मुख्यमंत्री तक अपनी आवाज पहुंचाना चाहते थे। लेकिन पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए उन्हें काफिले के समीप जाने से रोक दिया।
पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को निर्धारित बैरिकेडिंग पॉइंट्स पर रोककर स्थिति को नियंत्रण में रखा। हालांकि कुछ स्थानों पर किसानों और पुलिस के बीच हल्की नोकझोंक भी देखने को मिली, लेकिन हालात को जल्द ही सामान्य कर लिया गया।



